बाढ़ का जायजा लेने गई थी कलेक्टर साहिबा, खुद उनकी गाड़ी पानी में डूबी, कलेक्टर को रेस्क्यू कर बचाया गया।

IMG-20201021-WA0005
IMG-20201021-WA0005
previous arrow
next arrow

श्रीगंगानगर में बरसात से हुए नुकसान का जायजा लेने के लिए बोलेरो से निकलीं जिला कलेक्टर रुक्मिणी रियार बरसात के पानी में फंस गईं। शहर के अलग-अलग हिस्सों में कच्ची बस्तियों में लोगों के फंसे होने की जानकारी मिलने पर वे मल्टी पर्पज स्कूल के पास के अंडर ब्रिज से तीन पुली की ओर जा रही थीं। उन्होंने जब गाड़ी अंडर ब्रिज की ओर की तो आसपास के लोगों ने उन्हें रोकने की कोशिश की, लेकिन वे नहीं मानीं। घटना शुक्रवार दोपहर की है।

 

 

दरअसल, श्रीगंगानगर मे बीते तीन दिन से भारी बारिश हो रही है। इसके चलते पूरे शहर में हालात खराब है और जिला प्रशासन के साथ सेना की टीमें भी लोगों की मदद कर रही हैं।

 

 

चार फीट पानी में उतारी

आसपास के लोगों ने बताया कि उन्होंने कलेक्टर को गाड़ी लेकर अंडरब्रिज में उतरने से मना किया था। वहां करीब चार फीट तक पानी भरा था। उन्हें रोका गया था कि वे इस पानी में नहीं उतरें। उन्होंने ड्राइवर को आदेश दिया कि वह गाड़ी पानी में उतार दे। कुछ देर तक गाड़ी ढलान पर उतरती चली गई।

 

जब यह अंडरब्रिज के बिल्कुल बीच में पहुंची तो पानी गाड़ी के शीशे तक पहुंच गया। ऐसे में ड्राइवर के साथ-साथ कलेक्टर को भी चिंता हुई। आसपास के लोगों ने कलेक्टर को रेस्क्यू करने के लिए प्रयास शुरू कर दिए। कुछ लोग पानी के अंदर उतरे और कमर से ऊपर तक पानी में उतर इन लोगों ने गाड़ी को धक्का लगाया। बाद में जब गाड़ी पानी से निकलकर दूसरी तरफ पहुंची तो सभी ने चैन की सांस ली।

 

कलेक्टर बोलीं- हमने सोचा निकल जाएगी गाड़ी

 

इस बारे में कलेक्टर रुक्मिणी रियार का कहना था कि वे अंडरब्रिज से होकर दूसरी तरफ जाना चाह रही थीं। उन्हें लगा कि पानी ज्यादा है, लेकिन गाड़ी इसमें से निकल जाएगी। ऐसे में गाड़ी पानी में उतार दी। यह बीच में फंस गई। बाद में सहयोगियों ने गाड़ी को बाहर निकलवाया।

 

इलाके में शुक्रवार सुबह करीब पांच बजे से ग्यारह बजे तक लगातार बरसात हुई। बरसात का आलम यह रहा कि इलाके में सेना बुलाने के हालात हो गए। शाम तक सेना ने शहर का अधिकांश पानी खाली भी कर दिया। इलाके में शुक्रवार सुबह पांच बजे से शाम साढ़े पांच बजे तक 226 एमएम बरसात हुई है।